छत्तीसगढ़ (कोरबा | CG ई खबर जिला संवाददाता: नारायण चंद्राकर)
रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। मामूली घरेलू विवाद में एक पति ने अपनी पत्नी की बेरहमी से हत्या कर दी और फिर कानून को गुमराह करने के लिए शव को फंदे से लटका कर आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की। हालांकि पुलिस की सतर्कता और पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने आरोपी की खौफनाक साजिश का पर्दाफाश कर दिया।
क्या है पूरा मामला?
घटना लैलूंगा थाना क्षेत्र के ग्राम काराडेगा, पटेलपारा की है। आरोपी गिरधारी पैकरा (27 वर्ष) ने 24 दिसंबर 2025 की शाम अपनी पत्नी डिजेश्वरी पैकरा की हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी खुद थाने पहुंचा और पुलिस को सूचना दी कि उसकी पत्नी ने घर के अंदर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है।
सूचना के आधार पर पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की, लेकिन मौके की स्थिति और शरीर पर मिले चोट के निशानों से मामला शुरू से ही संदिग्ध प्रतीत हुआ।
विवाद की वजह: बिना पूछे मुर्गा लाना
पुलिस जांच में सामने आया कि घटना वाले दिन गिरधारी बिना बताए घर में मुर्गा लेकर आया था। पत्नी डिजेश्वरी ने इस पर आपत्ति जताई, जिसके बाद दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। विवाद इतना बढ़ गया कि गुस्से में आरोपी ने पहले घर में रखी लोहे की फुंकनी और धारदार परसूल से पत्नी पर हमला किया और फिर रस्सी से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी।
हत्या को आत्महत्या दिखाने की साजिश
हत्या के बाद आरोपी ने अपने अपराध को छिपाने के लिए शव को फंदे से लटका दिया और गांव वालों व परिजनों को आत्महत्या की झूठी कहानी सुनाई। लेकिन जब शव का पोस्टमार्टम कराया गया, तो डॉक्टरों की रिपोर्ट में साफ तौर पर कहा गया कि मृतिका की मौत फांसी से नहीं, बल्कि गला घोंटने और गंभीर चोटों के कारण हुई है।
पुलिस कार्रवाई
पोस्टमार्टम रिपोर्ट और सख्ती से की गई पूछताछ के बाद पुलिस ने आरोपी गिरधारी पैकरा को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त सामान भी बरामद कर लिया है। आरोपी के खिलाफ धारा 302 (हत्या) सहित अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
इलाके में दहशत, सवालों के घेरे में घरेलू हिंसा
इस दिल दहला देने वाली घटना के बाद गांव और आसपास के इलाके में सनसनी फैल गई है। यह मामला एक बार फिर घरेलू हिंसा और गुस्से में लिए गए खौफनाक फैसलों पर गंभीर सवाल खड़े करता है।











