(CG ई खबर | प्रमुख संपादक : ओम प्रकाश पटेल)
कोरबा/बिलासपुर । मुख्यालय के भू-राजस्व विभाग में पदस्थ मुख्य प्रबंधक (खनन) धर्मेन्द्र कुमार सिंह समेत दो अन्य सहयोगियों पर रियल एस्टेट में निवेश के नाम पर करोड़ों की धोखाधड़ी करने का गंभीर आरोप सामने आया है। पीड़ितों ने इस मामले में पुलिस अधीक्षक से लिखित शिकायत कर तीनों के विरुद्ध अपराध दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
तीन गुना मुनाफे का झांसा
आरोप है कि धर्मेन्द्र कुमार सिंह ने अपने पद और प्रभाव का हवाला देते हुए बताया कि उन्हें जमीन और भविष्य के विकास क्षेत्रों की विशेष जानकारी है। इसी भरोसे पर उनके सहयोगी रोहित कुमार जाटवर (रियल एस्टेट कारोबारी) और द्वारिका प्रसाद टंडन (वरिष्ठ प्रबंधक, मानव संसाधन) के साथ मिलकर छतौना स्थित ‘साहस सिटी’ में निवेश कराने का लालच दिया गया। निवेश पर बैंक ब्याज से कई गुना रिटर्न का वादा किया गया।
अगस्त–सितंबर 2024 में संपर्क, करोड़ों का निवेश
पीड़ितों के अनुसार अगस्त–सितंबर 2024 के दौरान आरोपी कई बार ढेलवाडीह कॉलोनी और आसपास के गांवों/कस्बों में पहुंचे। लगातार संपर्क और प्लॉट एग्रीमेंट देने के आश्वासन पर भरोसा कर पीड़ितों ने साहस एंटरप्राइजेस, साहस इंफ्राटेक और पटेल ट्रेडर्स जैसे खातों में चेक/ऑनलाइन ट्रांसफर से तथा कुछ राशि नगद मिलाकर वर्ष 2024 में कुल ₹4,03,23,547 निवेश किए। इसमें व्यक्तिगत ऋण और सेवानिवृत्ति की रकम तक शामिल बताई गई है।
एग्रीमेंट नहीं, आंशिक रकम वापसी
आरोप है कि प्लॉट का एग्रीमेंट “आज–कल” कहते हुए कभी नहीं दिया गया। 300 दिन की अवधि पूरी होने पर केवल ₹1,74,42,350 ही वापस किए गए। शेष रकम की मांग करने पर पहले टालमटोल और बाद में साफ इनकार कर दिया गया।
₹2.28 करोड़ की ठगी का आरोप
पीड़ितों का कहना है कि कुल निवेश ₹4,03,23,547 में से मात्र ₹1,74,42,350 लौटाए गए, जबकि ₹2,28,81,197 की राशि हड़प ली गई। इस पूरे मामले को सुनियोजित ठगी बताते हुए FIR दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी और धन की रिकवरी की मांग की गई है।
नोट: खबर में लगाए गए आरोप शिकायतकर्ताओं के दावों पर आधारित हैं। जांच/कार्रवाई सक्षम प्राधिकारी द्वारा की जानी शेष है।











