रायगढ़। सोशल मीडिया पर एक युवती के साथ सरेराह मारपीट का वीडियो वायरल होने के बाद रायगढ़ पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी नगमा खान उर्फ नूरी को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में शामिल दो नाबालिग बालिकाओं के विरुद्ध भी किशोर न्याय अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई है। वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान कर पुलिस ने कुछ ही घंटों में कार्रवाई पूरी कर ली।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने वायरल वीडियो का तत्काल संज्ञान लेते हुए थाना कोतवाली पुलिस को आरोपियों की पहचान कर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। पुलिस ने वीडियो की जांच, घटनास्थल की पुष्टि और स्थानीय लोगों से पूछताछ के बाद मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया।
रास्ता रोककर की गई मारपीट
पुलिस के अनुसार, 19 वर्षीय पीड़िता ने कोतवाली थाना में दर्ज शिकायत में बताया कि 30 जून 2026 की शाम वह अपनी सहेली के साथ मोटरसाइकिल से घर लौट रही थी। इसी दौरान रायगढ़ के मरीन ड्राइव रोड स्थित पुष्पवाटिका गार्डन के पास दो युवतियों ने उनकी बाइक रोक ली और गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी।
पीड़िता का आरोप है कि विरोध करने पर दोनों युवतियों ने अपने परिचितों को फोन कर बुलाया, जिनमें नगमा खान उर्फ नूरी भी शामिल थी। इसके बाद सभी ने मिलकर उसके साथ लात-घूंसों और मुक्कों से मारपीट की। शोर सुनकर राहगीरों और उसकी सहेली ने बीच-बचाव कर उसे बचाया।
पीड़िता के मुताबिक, आरोपी युवतियां सेल्फी ले रही थीं और उन्हें गलतफहमी हुई कि पीड़िता और उसकी सहेली उन पर हंस रही हैं। इसी बात को लेकर बिना किसी वजह के विवाद और मारपीट शुरू कर दी गई।
मुख्य आरोपी गिरफ्तार, दो नाबालिगों पर वैधानिक कार्रवाई
पीड़िता की शिकायत पर थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 375/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 296, 115(2), 126(2), 351(3) एवं 3(5) के तहत मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने 38 वर्षीय नगमा खान उर्फ नूरी, निवासी चांदनी चौक, फौजदारपारा, रायगढ़ को गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया शुरू कर दी है। वहीं जांच के दौरान घटना में शामिल दो अन्य लड़कियां नाबालिग पाई गईं, जिनके विरुद्ध किशोर न्याय अधिनियम के तहत आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की गई।
वायरल वीडियो बना अहम साक्ष्य
रायगढ़ पुलिस ने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो इस पूरे मामले में महत्वपूर्ण साक्ष्य साबित हुआ। वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान कर त्वरित कार्रवाई संभव हो सकी।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि जिले में कानून हाथ में लेने, सार्वजनिक स्थानों पर गुंडागर्दी और मारपीट जैसी घटनाओं को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि किसी भी आपराधिक घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दें और कानून को अपने हाथ में लेने से बचें।


