प्रभावित परिवारों को बिजली, पानी, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर, कब्जा हटाने से पहले और बाद की ड्रोन तस्वीरें प्रस्तुत करने के निर्देश
कोरबा, 24 अक्टूबर 2026। जिले में संचालित साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) की विभिन्न कोयला खनन परियोजनाओं में भूमि अधिग्रहण, मुआवजा वितरण, पुनर्वास और प्रभावित परिवारों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के कार्यों में तेजी लाने के उद्देश्य से कलेक्टर कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग ग्रुप (पीएमजी) की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित बैठक में एसईसीएल की कोरबा, कुसमुंडा, दीपका, गेवरा और मानिकपुर परियोजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। इस दौरान भूमि अधिग्रहण, कोयला उत्खनन के लिए चिह्नित भूमि, मुआवजा वितरण, संपत्ति मूल्यांकन, पुनर्वास और प्रभावित क्षेत्रों में आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता को लेकर अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए गए।
भूमि अधिग्रहण में पारदर्शिता के लिए ड्रोन सर्वे के निर्देश
बैठक के दौरान कलेक्टर कुणाल दुदावत ने भूमि अधिग्रहण और कब्जा हटाने की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अधिग्रहित भूमि से कब्जा हटाने से पहले और कब्जा हटाने के बाद की स्थिति के स्पष्ट ड्रोन चित्र तैयार कर प्रस्तुत किए जाएं।
इसके साथ ही प्रभावित भूमि और परिसंपत्तियों का विस्तृत सर्वेक्षण कर उनकी सूची तैयार करने के निर्देश दिए गए, ताकि मुआवजा वितरण और भूमि अधिग्रहण से संबंधित कार्यवाही व्यवस्थित तरीके से पूरी की जा सके।
जटराज, नराईबोध, रलिया और गेवरा सहित कई क्षेत्रों के भूमि अधिग्रहण की समीक्षा
बैठक में जटराज, सुमेधा, रिस्दी, पाली, खोड़री, पड़निया, नराईबोध दर्रा-खांचा, मूड़ियानारा, दर्री, रलिया और गेवरा सहित विभिन्न क्षेत्रों में प्रस्तावित भूमि अधिग्रहण की स्थिति पर चर्चा की गई।
कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों से मुआवजा नीति के अनुसार प्रभावित संपत्तियों के मूल्यांकन और मुआवजा वितरण की प्रगति की जानकारी ली। साथ ही प्रभावित परिवारों के पुनर्वास और बसाहट क्षेत्रों में उपलब्ध सुविधाओं की स्थिति की समीक्षा की।
पुनर्वास क्षेत्रों में बिजली, स्कूल और स्वास्थ्य सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश
कलेक्टर ने एसईसीएल के सभी संबंधित महाप्रबंधकों को निर्देश दिए कि पुनर्वास एवं बसाहट क्षेत्रों में रहने वाले प्रभावित परिवारों को आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्राथमिकता से कार्रवाई की जाए।
उन्होंने बसाहट क्षेत्रों में बिजली, चिकित्सा, स्कूल सहित अन्य जरूरी सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया। साथ ही प्रभावित परिवारों की समस्याओं का निराकरण करने के लिए संबंधित विभागों और एसईसीएल अधिकारियों के बीच समन्वय बनाकर कार्य करने के निर्देश दिए।
मुआवजा वितरण के बाद कोयला उत्पादन बढ़ाने की कार्ययोजना पर चर्चा
बैठक में उन क्षेत्रों की भी समीक्षा की गई, जहां भूमि अधिग्रहण के बाद मुआवजा वितरण की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। कलेक्टर ने ऐसे क्षेत्रों में कोयला उत्पादन बढ़ाने की कार्ययोजना पर अधिकारियों के साथ चर्चा की।
उन्होंने प्रस्तावित खदान क्षेत्रों में आवश्यक सर्वेक्षण कराने, मानिकपुर क्षेत्र के पोखरी से संबंधित योजना पर अलग से बैठक आयोजित करने और दीपका क्षेत्र में प्रभावित परिवारों का सर्वे कराने के निर्देश दिए।
इसके अलावा प्रभावित ग्रामों में ग्रामसभा आयोजित करने और भूमि अधिग्रहण तथा पुनर्वास से जुड़े विषयों पर आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया।
दो करोड़ रुपये तक के विकास कार्यों के लिए जोनल टेंडर प्रक्रिया अपनाने के निर्देश
पुनर्वास एवं बसाहट क्षेत्रों में छोटे विकास कार्यों को समय पर पूरा कराने के उद्देश्य से कलेक्टर ने एसईसीएल के महाप्रबंधकों को दो करोड़ रुपये तक के कार्यों के लिए जोनल टेंडर प्रक्रिया अपनाकर आवश्यक स्वीकृति संबंधी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
बैठक में प्रभावित क्षेत्रों से हाईटेंशन विद्युत तार हटाने, विद्युत लाइन विस्तार और अन्य आवश्यक सुविधाओं से संबंधित कार्यों की भी समीक्षा की गई।
राष्ट्रीय राजमार्गों पर अतिक्रमण और अवैध पार्किंग रोकने के निर्देश
बैठक में राष्ट्रीय राजमार्गों से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर भी चर्चा हुई। कलेक्टर ने उरगा-चांपा और कटघोरा-बिलासपुर मार्ग पर यातायात व्यवस्था को सुगम एवं व्यवस्थित बनाने के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
उन्होंने सड़क किनारे अनियंत्रित पार्किंग रोकने और यातायात में बाधा उत्पन्न करने वाले अतिक्रमण को हटाने के संबंध में भी निर्देशित किया।
बैठक में प्रशासन और एसईसीएल के वरिष्ठ अधिकारी रहे उपस्थित
इस महत्वपूर्ण बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रतीक जैन, अपर कलेक्टर देवेंद्र पटेल, एसडीएम कटघोरा विपिन दुबे, एसडीएम पोड़ी-उपरोड़ा मनोज कुमार बंजारे, एसडीएम पाली रोहित सिंह, एसडीएम कोरबा सरोज महिलांगे और डिप्टी कलेक्टर तुलाराम भारद्वाज सहित एसईसीएल के संबंधित महाप्रबंधक, राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग तथा विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में कलेक्टर ने भूमि अधिग्रहण, मुआवजा, पुनर्वास और विकास कार्यों से जुड़े मामलों में संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।


