कोरबा में ट्रेलर के कहर से तीन गांव अंधेरे में डूबे, लापरवाह ड्राइवर गिरफ्तार

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(CG ई खबर | कटघोरा ब्लॉक संवाददाता: पिंकी महंत)

कोरबा। कोरबा जिले में शनिवार की आधी रात एक ट्रेलर चालक की गंभीर लापरवाही से बड़ा हादसा होते-होते टल गया। दादर–ढेलवाडीह मुख्य मार्ग पर राखड़ (फ्लाई ऐश) से भरे एक ट्रेलर ने लगातार 21 बिजली के खंभों को तोड़ दिया, जिससे दादर, ढेलवाडीह और रापाखर्रा गांवों की बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई और इलाके में अंधेरा छा गया।

कैसे हुआ हादसा

शनिवार रात करीब 2 बजे, ट्रेलर का हाइड्रोलिक बूम ऊपर उठा हुआ था। चलते समय बूम बिजली के तारों में फंस गया। चालक ने वाहन नहीं रोका, जिससे तार खिंचते चले गए और एक के बाद एक खंभे टूटते चले गए।
हादसे के बाद सड़क पर बिजली के तार बिखर गए, पेड़ क्षतिग्रस्त होकर गिर पड़े और मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया।

ग्रामीणों की सतर्कता से पकड़ा गया चालक

तेज आवाज सुनकर ग्रामीण घरों से बाहर निकले। ट्रेलर चालक मौके से फरार होने की कोशिश कर रहा था, लेकिन ग्रामीणों ने उसे गांव से आगे जाकर पकड़ लिया और मानिकपुर चौकी पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने चालक को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

ग्रामीणों में आक्रोश

घटना को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि

  • ढेलवाडीह, दादर और नकटीखार मार्ग पर भारी वाहनों का लगातार दबाव बना रहता है।
  • राखड़ से लदे वाहन दिन-रात तेज रफ्तार से चलते हैं और नियमों की खुलेआम अनदेखी करते हैं।
  • कई बार शिकायत के बावजूद प्रशासन और संबंधित विभागों की उदासीनता बनी हुई है।

ग्रामीण आनंद तिर्की ने कहा, “ये हादसा रात में हुआ, अगर दिन में होता तो बड़ी जनहानि हो सकती थी।”

सवालों के घेरे में प्रशासन

फिलहाल मामला मानिकपुर चौकी में दर्ज है। हालांकि ग्रामीणों ने पुलिस द्वारा ट्रेलर को जब्त करने के बजाय जंगल में खड़ा करने के निर्णय पर भी सवाल उठाए हैं।
यह घटना एक बार फिर क्षेत्र में भारी वाहनों की अनियंत्रित आवाजाही और प्रशासनिक लापरवाही से पैदा हो रहे खतरे को उजागर करती है।


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