इस्लामाबाद। पाकिस्तान में महंगाई से जूझ रही जनता को एक और बड़ा झटका लगा है। सरकार ने पेट्रोल और हाई-स्पीड डीजल (HSD) की कीमतों में एक बार फिर बढ़ोतरी कर दी है। नई दरें 11 जुलाई से लागू हो गई हैं।
सरकार के फैसले के बाद पेट्रोल की कीमत 13.18 पाकिस्तानी रुपये प्रति लीटर बढ़कर 310.71 रुपये हो गई है, जबकि हाई-स्पीड डीजल (HSD) 13.80 रुपये महंगा होकर 323.30 रुपये प्रति लीटर बिकेगा।
ईंधन की कीमतों में इस बढ़ोतरी का सीधा असर परिवहन, खाद्य वस्तुओं और रोजमर्रा की जरूरत की चीजों पर पड़ने की आशंका है। इससे पहले से महंगाई की मार झेल रहे आम लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ बढ़ेगा।
सरकार का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) की शर्तों के तहत करों में किए गए बदलाव के कारण ईंधन की कीमतें बढ़ाई गई हैं। 1 जुलाई से क्लाइमेट सपोर्ट लेवी भी बढ़ाकर 5 रुपये प्रति लीटर कर दी गई है।
फिलहाल डीजल पर करीब 80 रुपये प्रति लीटर और पेट्रोल पर 70 रुपये प्रति लीटर पेट्रोलियम लेवी के अलावा क्लाइमेट सपोर्ट लेवी भी वसूली जा रही है। हालांकि मौजूदा कीमतें अप्रैल में बने रिकॉर्ड स्तर से कुछ कम हैं, लेकिन फरवरी के अंत से लगातार हो रही बढ़ोतरी ने आम लोगों की आर्थिक परेशानियां और बढ़ा दी हैं।
एक लीटर ईंधन पर 100 रुपये तक टैक्स
पाकिस्तान सरकार हाई-स्पीड डीजल पर कुल 101 रुपये प्रति लीटर तक टैक्स वसूल रही है। इसमें कस्टम ड्यूटी, पेट्रोलियम लेवी, क्लाइमेट सपोर्ट लेवी और इनलैंड फ्रेट इक्वलाइजेशन मार्जिन शामिल हैं।
वहीं पेट्रोल पर कुल 95 रुपये प्रति लीटर टैक्स लिया जा रहा है, जिसमें 20 रुपये प्रति लीटर कस्टम ड्यूटी के साथ पेट्रोलियम लेवी और क्लाइमेट सपोर्ट लेवी शामिल है। इसके अलावा केरोसिन पर 21 रुपये प्रति लीटर और लाइट डीजल ऑयल पर 16 रुपये प्रति लीटर पेट्रोलियम लेवी भी वसूली जा रही है।
सरकार के इस फैसले से आने वाले दिनों में महंगाई और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है, क्योंकि ईंधन की कीमतों में वृद्धि का असर लगभग हर क्षेत्र पर पड़ता है।


