(CG ई खबर |कोरबा जिला संवाददाता: नारायण चंद्राकर)
छत्तीसगढ़ / बलौदाबाजार : जिले के पलारी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले तीन गांवों में पागल कुत्तों के हमले से इलाके में हड़कंप मच गया है। रविवार को इन बेकाबू कुत्तों ने अलग-अलग स्थानों पर हमला कर पांच ग्रामीणों को लहूलुहान कर दिया। घायलों में बुजुर्गों की संख्या अधिक है, जिनकी हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना के बाद से क्षेत्र में भय का माहौल है और लोग घरों से बाहर निकलने में कतरा रहे हैं।
कैसे हुआ हमला?
जानकारी के अनुसार, पलारी क्षेत्र के तीन अलग-अलग गांवों में अचानक एक-दो पागल कुत्तों ने ग्रामीणों पर हमला शुरू कर दिया। हमले का शिकार हुए लोग अपने दैनिक कार्यों के लिए घर से बाहर निकले थे। कुत्तों की आक्रामकता इतनी अधिक थी कि कई लोगों के हाथ, पैर और कमर पर गहरे घाव आए हैं।
चिकित्सकों की राय: “जख्म काफी गहरे”
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) पलारी के चिकित्सकों ने बताया कि अस्पताल लाए गए सभी पांचों मरीजों की स्थिति गंभीर थी।
डॉक्टरों के अनुसार—
“मरीजों के शरीर पर कुत्तों के दांतों के गहरे निशान हैं, कई जगह टांके लगाने पड़े हैं। चूंकि अधिकांश घायल बुजुर्ग हैं, इसलिए संक्रमण फैलने का खतरा अधिक है। सभी को रेबीज रोधी इंजेक्शन लगाए गए हैं और विशेष निगरानी में रखा गया है।”
ग्रामीणों में आक्रोश और डर
घटना के बाद से पलारी क्षेत्र के गांवों में सन्नाटा पसरा है। ग्रामीणों का कहना है कि आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन प्रशासन इस ओर गंभीरता नहीं दिखा रहा।
- बच्चों की सुरक्षा: माता-पिता बच्चों को स्कूल या खेलने बाहर भेजने से डर रहे हैं।
- रात का पहरा: ग्रामीण अब लाठी-डंडे लेकर समूह में चलने को मजबूर हैं।
- प्रशासन से मांग: आवारा कुत्तों को पकड़ने, एंटी-रेबीज अभियान चलाने और प्रभावित इलाकों में तत्काल सुरक्षा व्यवस्था की मांग की जा रही है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से शीघ्र ठोस कदम उठाने की अपील की है, ताकि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके और क्षेत्र में भय का माहौल समाप्त हो।











