कोरबा। बांकीमोंगरा नगर पालिका क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 23 के भाजपा पार्षद दिलीप दाश और उनकी पत्नी सुष्मिता दाश के बीच चल रहा पारिवारिक विवाद अब कानूनी लड़ाई का रूप ले चुका है। पत्नी की शिकायत पर पार्षद के विरुद्ध मामला दर्ज होने के बाद अब पार्षद की शिकायत पर उनकी पत्नी और उनके परिचित राम साहू के खिलाफ भी पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला दंपति के पुत्र आरव दाश के संरक्षण (कस्टडी) को लेकर चल रहे विवाद से जुड़ा बताया जा रहा है।
पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार, दिलीप दाश ने बताया कि पिछले लगभग दो वर्षों से उनकी पत्नी उनके पुत्र को लेकर उनसे अलग रह रही हैं। पुत्र के संरक्षण को लेकर उन्होंने अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) न्यायालय में सर्च वारंट के लिए आवेदन प्रस्तुत किया था। आवेदन पर कार्रवाई करते हुए मानिकपुर चौकी पुलिस ने सुष्मिता दाश और उनके पुत्र को न्यायालय में उपस्थित कराया था।
न्यायालय परिसर में धमकी देने का आरोप
दिलीप दाश का आरोप है कि 2 जुलाई 2026 को एसडीएम न्यायालय परिसर से बाहर निकलने के बाद सुष्मिता दाश और उनके परिचित राम साहू ने उनके साथ गाली-गलौज की तथा जान से मारने और झूठे मामले में फंसाने की धमकी दी।
शिकायत में कहा गया है कि जब उन्होंने कहा कि पुत्र के संरक्षण का निर्णय न्यायालय करेगा, तब राम साहू ने कथित रूप से उन्हें धमकी दी। वहीं, सुष्मिता दाश द्वारा भी कथित रूप से झूठे प्रकरण में फंसाने की बात कही गई। दिलीप दाश का कहना है कि घटना के समय उनके साथ मौजूद लोगों ने भी पूरा घटनाक्रम देखा और सुना।
शिकायत में लगाए गए अन्य आरोप
अपनी शिकायत में दिलीप दाश ने यह भी आरोप लगाया है कि उनकी पत्नी का राम साहू के साथ निजी संबंध है। उनका कहना है कि पुत्र के भविष्य को लेकर उत्पन्न चिंताओं के कारण ही उन्होंने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया।
इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। यह आरोप शिकायतकर्ता द्वारा पुलिस में दर्ज कराई गई रिपोर्ट का हिस्सा हैं और इनकी सत्यता की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
दिलीप दाश की शिकायत के आधार पर सिविल लाइन (रामपुर) थाना पुलिस ने सुष्मिता दाश और राम साहू के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं 296, 351(3) एवं 3(5) के तहत एफआईआर दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू कर दी है।
पहले पत्नी की शिकायत पर भी दर्ज हुआ था मामला
गौरतलब है कि इससे पहले सुष्मिता दाश की शिकायत पर भी पुलिस ने दिलीप दाश के विरुद्ध एसडीएम कार्यालय परिसर में गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में मामला दर्ज किया था। अब दोनों पक्षों द्वारा एक-दूसरे पर दर्ज कराई गई शिकायतों के बाद पूरा विवाद पुलिस जांच के दायरे में है।
फिलहाल, दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। समाचार में उल्लिखित सभी आरोप संबंधित पक्षों की पुलिस शिकायतों पर आधारित हैं। इनकी सत्यता का अंतिम निर्णय पुलिस जांच और न्यायालय की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।


