दुर्ग (कोरबा | CG ई खबर) जिले के पुरानी भिलाई थाना में पदस्थ आरक्षक अरविंद मेढ़े (आरक्षक क्रमांक 1211) को महिला से दुष्कर्म और गंभीर अनैतिक आचरण के आरोपों में पुलिस विभाग से बर्खास्त कर दिया गया है। यह सख्त कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल द्वारा की गई है।
FIR के बाद हुआ था निलंबन, फिर हो गया फरार
पीड़ित महिला की लिखित शिकायत पर आरोपी आरक्षक के खिलाफ बलात्कार का मामला दर्ज किया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए उसे तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया था, लेकिन निलंबन के बाद से ही वह फरार हो गया था। विभागीय जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अब उसे सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है।
बेटे को जेल से छुड़ाने के बदले की थी अश्लील मांग
एएसपी पद्मश्री तंवर के अनुसार, शिकायतकर्ता महिला का नाबालिग बेटा पॉक्सो एक्ट के एक मामले में बाल संप्रेषण गृह में निरुद्ध है। बेटे को कानूनी मदद दिलाने के लिए महिला आरोपी आरक्षक के संपर्क में आई थी। इसी दौरान आरक्षक ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए महिला पर शारीरिक संबंध बनाने का दबाव बनाया।
महिला का आरोप: जबरन किया गया आपत्तिजनक कृत्य
महिला ने अपनी शिकायत में बताया कि 19 नवंबर को मंगलवार रात लगभग 8 बजे, आरक्षक ने उसे मदद के बहाने बस स्टैंड के पास बुलाया। वहां उसने महिला के साथ अश्लील हरकतें कीं और जबरन उसके प्राइवेट पार्ट की जांच करने जैसा घिनौना कृत्य किया। महिला के विरोध करने पर आरोपी ने उसे धमकाया।
बजरंग दल ने किया था थाने का घेराव
घटना सामने आते ही बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने थाने का घेराव कर आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की थी। हालात बिगड़ते देख पुलिस अधिकारियों ने पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया, जिसके बाद एफआईआर दर्ज की गई। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जांच विशेष टीम को सौंपी गई थी।
SSP का सख्त संदेश
एसएसपी विजय अग्रवाल की यह कार्रवाई पुलिस महकमे में अनुशासनहीनता और महिला अपराधों के प्रति जीरो टॉलरेंस का स्पष्ट संदेश मानी जा रही है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी के लिए प्रयास तेज कर दिए गए हैं।


