कोरबा। शहर के महाराणा प्रताप चौक एवं बुधवारी बाजार क्षेत्र में नगर निगम द्वारा अतिक्रमण हटाने की बड़ी कार्यवाही की गई। निगम की टीम बुलडोजर और पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची, जहां सड़क किनारे लंबे समय से लगे ठेले, गुमटियां एवं अस्थायी दुकानों को हटाया गया। कार्यवाही के दौरान क्षेत्र में कुछ देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा और कई दुकानदार जल्दबाजी में अपना सामान समेटते नजर आए।
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार महाराणा प्रताप चौक से जुड़े क्षेत्र में ग्रीन कॉरिडोर विकसित करने की योजना तैयार की गई है। इसके तहत सड़क किनारे हरियाली बढ़ाने, यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने तथा शहर की सुंदरता में सुधार करने का लक्ष्य रखा गया है। इसी योजना के तहत अवैध कब्जों को हटाने की कार्यवाही की गई।
निगम प्रशासन ने बताया कि संबंधित दुकानदारों एवं ठेला संचालकों को पहले ही नोटिस जारी कर निर्धारित समय के भीतर स्थान खाली करने के निर्देश दिए गए थे। बावजूद इसके कई लोगों द्वारा अतिक्रमण नहीं हटाए जाने पर निगम को सख्त कदम उठाना पड़ा।
नगर निगम ने यह भी स्पष्ट किया कि पूर्व में चिन्हित अतिक्रमणकारियों और फुटकर व्यापारियों के लिए व्यवस्थित दुकानें बनाकर उनका आवंटन किया जा चुका है, ताकि वे निर्धारित स्थान पर अपना व्यवसाय संचालित कर सकें। इसके बावजूद कई लोग पुनः सड़क किनारे अतिक्रमण कर व्यवसाय कर रहे थे, जिससे यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही थी।
कार्रवाई के दौरान कई ठेला संचालकों ने अपनी रोजी-रोटी प्रभावित होने की बात कही। उनका कहना था कि अचानक हुई कार्यवाही से उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। वहीं निगम अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक मार्ग एवं प्रस्तावित विकास कार्यों में बाधा बनने वाले अतिक्रमण को हटाना आवश्यक है।
नगर निगम का कहना है कि शहर में यातायात सुधार और सौंदर्यीकरण को लेकर अभियान आगे भी जारी रहेगा। मुख्य मार्गों, चौक-चौराहों एवं बाजार क्षेत्रों में अवैध कब्जों पर लगातार निगरानी रखी जाएगी और आवश्यकता पड़ने पर आगे भी इसी तरह की कार्यवाही की जाएगी।
"शहर को सुंदर और व्यवस्थित बनाने की दिशा में प्रशासन का अभियान जारी है, लेकिन इसके बीच रोजी-रोटी और व्यवस्था के बीच संतुलन की चुनौती भी सामने है।"

