मुंगेली। शहर की जनसमस्याओं और बुनियादी सुविधाओं में सुधार की मांग को लेकर स्थानीय नागरिक देवेश शर्मा ने कलेक्टर जनदर्शन में ज्ञापन सौंपकर प्रशासन का ध्यान आकर्षित कराया है। ज्ञापन में शहरी स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्थाओं में सुधार, शहर से दूर स्थानांतरित किए गए अस्पतालों को पुनः शहर के मध्य लाने, सुलभ शौचालय की व्यवस्था दुरुस्त करने तथा महिलाओं के लिए ‘पिंक टॉयलेट’ निर्माण की मांग प्रमुखता से रखी गई है।
24 घंटे प्रसव सेवा के दावे पर उठाए सवाल
ज्ञापन में सरदार पटेल वार्ड स्थित आयुष्मान आरोग्य मंदिर शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए गए हैं। देवेश शर्मा का कहना है कि केंद्र में 24 घंटे प्रसव सेवा संचालित होने की बात कही जाती है, लेकिन आरोप है कि डॉक्टर और कर्मचारी शाम करीब 7 बजे केंद्र बंद कर देते हैं और अगले दिन सुबह 10 बजे इसे खोला जाता है।
रात के समय स्वास्थ्य केंद्र बंद रहने से स्थानीय नागरिकों और प्रसूताओं को परेशानी का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन के माध्यम से केंद्र को निर्धारित समय के अनुसार 24 घंटे सुचारू रूप से संचालित कराने की मांग की गई है।
आयुर्वेदिक और होम्योपैथिक अस्पतालों को शहर के मध्य लाने की मांग
ज्ञापन में मुंगेली के आयुर्वेदिक और होम्योपैथिक अस्पतालों को शहर के मध्य पुनः संचालित करने की मांग भी रखी गई है। आवेदन के अनुसार, पहले आयुर्वेदिक अस्पताल शहर के मध्य संचालित होता था, जिसे बाद में रामगढ़ जिला अस्पताल परिसर में शिफ्ट कर दिया गया। वहीं होम्योपैथिक अस्पताल को शहर के आउटर क्षेत्र, आवासपारा मार्ग की ओर स्थानांतरित किया गया है।
देवेश शर्मा के अनुसार, इन अस्पतालों के शहर से बाहर होने के कारण मुंगेली के 22 वार्डों सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को उपचार के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है। उन्होंने मांग की है कि इन अस्पतालों को शहर के मध्य स्थित पुरानी सरकारी इमारतों में पुनः संचालित किया जाए।
सुलभ शौचालय की बदहाल व्यवस्था का मुद्दा
सरदार पटेल वार्ड स्थित सुलभ शौचालय की व्यवस्था को लेकर भी ज्ञापन में गंभीर सवाल उठाए गए हैं। बताया गया कि यह शौचालय पुलिस थाना, अजाक थाना, आगर स्टेडियम, पीएचसी, भाजपा कार्यालय और सदर बाजार जैसे प्रमुख स्थानों के आसपास स्थित होने के कारण महत्वपूर्ण है।
ज्ञापन के मुताबिक यहां केवल टॉयलेट की सुविधा है, जबकि स्नान और अन्य आवश्यक प्रसाधन सुविधाओं की समुचित व्यवस्था नहीं है। साथ ही, शौचालय में नियुक्त कर्मचारियों को नगर पालिका द्वारा अन्य कार्यों में लगा दिए जाने के कारण इसके अक्सर बंद रहने की शिकायत भी की गई है।
इसे अन्य सुलभ शौचालय परिसरों की तर्ज पर सर्वसुविधायुक्त बनाकर नियमित रूप से संचालित करने की मांग की गई है।
मुंगेली में ‘पिंक टॉयलेट’ बनाने की मांग
महिलाओं के लिए सार्वजनिक प्रसाधन सुविधा का मुद्दा भी ज्ञापन में प्रमुखता से उठाया गया है। बिलासपुर और रायपुर की तर्ज पर मुंगेली शहर के प्रमुख स्थानों पर महिलाओं के लिए ‘पिंक टॉयलेट’ बनाने की मांग की गई है।
ज्ञापन में बलानी चौक, सदर बाजार, पुराना बस स्टैंड, पड़ाव चौक और दाऊपारा सहित प्रमुख स्थानों पर पिंक टॉयलेट निर्माण का सुझाव दिया गया है।
देवेश शर्मा का कहना है कि दुर्गा पूजा, गणेश उत्सव, दशहरा और व्यापार मेला जैसे बड़े आयोजनों के दौरान मुंगेली में दूर-दराज से बड़ी संख्या में महिलाएं पहुंचती हैं। पर्याप्त सार्वजनिक प्रसाधन सुविधा नहीं होने के कारण उन्हें असुविधा और शर्मिंदगी का सामना करना पड़ता है।
ज्ञापन के माध्यम से प्रशासन से इन सभी समस्याओं पर शीघ्र कार्रवाई कर शहरवासियों को बेहतर स्वास्थ्य एवं सार्वजनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की गई है।


