कोरबा। SECL कुसमुंडा परियोजना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम खमरिया में अवैध कब्जे को लेकर ग्रामीणों ने चिंता जताई है। ग्रामीणों का आरोप है कि वैशाली नगर खम्हरिया ग्राम के सामने पेट्रोल पंप के आसपास, मुख्य मार्ग किनारे तथा बिजली कार्यालय के बाजू में कुछ लोगों द्वारा जमीन पर अवैध कब्जा किया जा रहा है। इस दौरान हरे-भरे पेड़-पौधों और नर्सरी को काटकर मकान एवं बाड़ी बनाने की शिकायत भी सामने आई है।
ग्रामीणों ने इस संबंध में SECL कुसमुंडा परियोजना के मुख्य महाप्रबंधक को लिखित शिकायत सौंपकर अवैध कब्जे पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। शिकायत में बताया गया है कि इससे पहले भी ग्रामवासियों द्वारा अवैध कब्जे को लेकर SECL प्रबंधन को आवेदन दिया गया था, जिसके बाद कार्रवाई करते हुए कई अवैध कब्जे हटाए गए थे।
ग्रामीणों के अनुसार, कार्रवाई के करीब एक-दो वर्ष बाद अब क्षेत्र में दोबारा अवैध कब्जे की गतिविधियां बढ़ने लगी हैं। आरोप है कि कुछ लोग नर्सरी क्षेत्र को नुकसान पहुंचाकर वहां अपने मकान और बाड़ी का निर्माण कर रहे हैं। साथ ही जमीन की खरीद-फरोख्त किए जाने की बात भी शिकायत में कही गई है।
नर्सरी नष्ट होने से धूल-धक्कड़ बढ़ने की आशंका
ग्रामीणों ने शिकायत में पर्यावरण और आसपास रहने वाले लोगों पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर भी चिंता जताई है। उनका कहना है कि यदि समय रहते अवैध कब्जे पर रोक नहीं लगाई गई तो हरे-भरे नर्सरी क्षेत्र के नष्ट होने के साथ क्षेत्र में धूल-डस्ट की समस्या बढ़ सकती है और इसका सीधा असर आसपास के घरों पर पड़ेगा।
ग्रामीणों ने SECL प्रबंधन से मांग की है कि मौके का निरीक्षण कर अवैध कब्जे की स्थिति की जांच की जाए और सरकारी/SECL भूमि पर किए जा रहे कथित अतिक्रमण को तत्काल रोका जाए।
कलेक्टर और पुलिस अधिकारियों को भी दी प्रतिलिपि
मामले में ग्रामीणों ने अपनी शिकायत की प्रतिलिपि कलेक्टर कोरबा, पुलिस अधीक्षक कोरबा, अनुविभागीय अधिकारी कटघोरा और थाना प्रभारी कुसमुंडा को भी भेजी है।
अब देखना होगा कि ग्रामीणों की शिकायत पर SECL प्रबंधन और संबंधित प्रशासनिक अधिकारी मौके पर जांच कर क्या कार्रवाई करते हैं।




